सोनीपत के बहालगढ़ में 12 सितंबर 2025 को मिली अधजली लाश का पूरा सच अब सामने आया है। यह अवैध संबंधों को छिपाने के लिए साजिश के तहत किए गए मर्डर का मामला है। साजिश रचने वाला कोई और नहीं बल्कि पत्नी व उसका प्रेमी थे। मरने वाला आस मोहम्मद उर्फ आशु था। पुलिस के मुताबिक आशु की पत्नी शबाना के अपने जीजा समीर के साथ संबंध बने। आशु उन्हें अब रोड़ा लगने लगने लगा था। इसी वजह से समीर ने भाई साजिद के साथ मिलकर मर्डर किया। दोनों ने पहले आशु को शराब पिलाई। नशा होने पर गला घोंटा और पेंचकस घोंप दिया। फिर पहचान छिपाने को कपड़े पर शव पर पेट्रोल छिड़क आग लगा दी। 12 सितंबर को मिले शव का दाह संस्कार करने से पहले पुलिस ने युवक की फोटो और शारीरिक पहचान के निशान सुरक्षित रख लिए थे। 25 दिसंबर यानी 110 दिन बाद परिवार वालों ने उन्हीं निशानों के आधार पर शव की पहचान आस मोहम्मद के रूप में की। इसके बाद पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज करके जांच शुरू कर दी। 1 जनवरी को पुलिस ने एनकाउंटर के बाद समीर व साजिद को पकड़ा। समीर के पैर में गोली लगी। उसका अभी इलाज चल रहा है। पुलिस ने शबाना और उसकी मां हलीमा को भी साजिश में शामिल होने के आरोप में गिरफ्तार किया है। हलीमा के पति राजेश ने पुलिस जांच भटकाने के लिए 2 जनवरी को जहर निगल कर सुसाइड की कोशिश की थी। पुलिस को प्रारंभिक अनुमान की है, इस मामले में राजेश की भी भूमिका हो सकती है। अब सिलसिलेवार पढ़ें अवैध संबंधों, साजिश और मर्डर तक की कहानी 3 साल पहले हुई आस मोहम्मद व शबाना की लव मैरिज पुलिस की अभी तक की जांच में सामने आया है कि 3 साल पहले आस मोहम्मद और शबाना की लव मैरिज हुई थी। दोनों की उम्र लगभग 25 साल है। दोनों का एक साल का बेटा भी है। शादी की शुरुआत में दोनों की गृहस्थी हंसी-खुशी चल रही थी। आस मोहम्मद को जरा भी अंदेशा नहीं था, कुछ गलत होने वाला है। जीजा समीर के साथ संबंध बने तो बिगड़े रिश्ते बहालगढ़ थाना प्रभारी के मुताबिक, समीर रिश्ते में शबाना का जीजा लगता है। जांच में पता चला है कि कुछ समय पहले समीर और शबाना एक-दूसरे के नजदीक आ गए। जिसकी भनक आस मोहम्मद को लग गई थी। अब शबाना और समीर को आस मोहम्मद अपनी राह का रोड़ा लगने लगे था। तय हुआ आस मोहम्मद की हत्या के बाद निकाह कर लेंगे पुलिस के मुताबिक शबाना ने प्रेमी समीर से कहा था कि आशु को मारना पड़ेगा। आशु की हत्या के बाद वे निकाह कर लेंगे। किसी को कुछ पता नही लगेगा। इस साजिश में समीर के साथ शबाना की मां हलीमा व समीर का भाई साजिद भी शामिल हो गए। रात को घर से बुलाकर शराब पिलाने के बाद की हत्या 11-12 सितंबर की रात समीर व साजिद ने बहाने से फोन करके आशु को बुलाया। आशु बाइक पर पहुंचा। फिर बीयर व शराब पी। इस दौरान जब आस मोहम्मद को नशा हो गया तो दोनों ने मिलकर उसका गला घोंटा, फिर पेंचकस घोंप दिया। जब आस मोहम्मद का शरीर ठंडा हो गया तो उसे ठिकाने लगाने की योजना बनाई। बहालगढ़ में शव व कपड़े जलाए, ताकि पहचान न हो पुलिस के मुताबिक पकड़े गए आरोपियों ने कबूला कि मर्डर के बाद दोनों ने पेट्रोल खरीदा। फिर आस मोहम्मद के चेहरे और कपड़ों में आग लगा दी, ताकि शिनाख्त न हो सके। हालांकि शव पूरी तरह जला नहीं। 12 सितंबर को अधजला शव मिला, लेकिन पहचान नहीं हो सकी। शबाना ने मौत की बात छिपाई* शबाना ने आशु की मौत की खबर उसके परिजनों से भी छिपाई थी। पुलिस को 12 सितंबर को डेडबॉडी मिली थी। पुलिस ने शव की पहचान का प्रयास किया, लेकिन सफलता नही मिली। यही कारण था कि आस मोहम्मद का अंतिम संस्कार भी हिंदू रीति रिवाज से करा दिया गया। 25 दिसंबर को हुई शव की शिनाख्त आस मोहम्मद के परिजन उसे लगातार तलाश रहे थे। 25 दिसंबर को पुलिस के पास फोटो व अन्य सबूतों के आधार पर आस मोहम्मद के परिजनों ने पहचान की। इसके बाद परिजनों की शिकायत पर पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू की। पत्नी व सास शक के घेरे में आईं पुलिस जांच में सामने आया कि आशु की हत्या किसी बाहरी दुश्मनी का नहीं, बल्कि घर के भीतर रची गई साजिश का नतीजा थी। हत्या के बाद समीर व साजिद फरार चल रहे थे। अभी तक पुलिस की जांच में शबाना-हलीमा शक के दायरे में आ चुकी थीं। 1 जनवरी को पुलिस को सूचना मिली कि समीर व साजिद मुरथल के आसपास देखे गए हैं, जिसके बाद एनकाउंटर कर पुलिस ने दोनों को पकड़ा। साजिद ने किया मर्डर का खुलासा पुलिस की पूछताछ में आरोपी साजिद ने खुलासा किया कि आशु की पत्नी शबाना ने अपनी मां हलीमा के साथ मिलकर पूरी हत्या की साजिश रची थी। शबाना रिश्ते में साजिद की साली लगती है। जांच में यह भी सामने आया कि शबाना और हिस्ट्रीशीटर समीर के बीच अवैध संबंध थे। इसी रिश्ते के चलते आशु को रास्ते से हटाने की योजना बनाई गई। प्रोडक्शन वारंट पर साजिद से पूछताछ पुलिस ने साजिद को प्रोडक्शन वारंट पर लेकर कोर्ट में पेश किया और तीन दिन के पुलिस रिमांड पर लिया। इसी दौरान साजिद की पूछताछ में पूरी साजिश का खुलासा हुआ, जिसके बाद शबाना और उसकी मां हलीमा को भी षड्यंत्र रचने के आरोप में गिरफ्तार किया गया। राजेश का कनेक्शन और हाई ड्रामा मामले में राठधना गांव के राजेश का नाम भी सामने आया, जिसने हलीमा से शादी कर रखी है। पुलिस पूछताछ से बचाने के लिए राजेश ने पूरी घटना को भटकाने की कोशिश की और 2 जनवरी को सोनीपत के मिनी सचिवालय पहुंचकर कीटनाशक पीकर आत्महत्या का प्रयास किया। इस दौरान उसने पुलिस पर झूठे केस में फंसाने के आरोप लगाए थे। अब तक क्या कार्रवाई हुई पुलिस ने आशु हत्याकांड में समीर, साजिद, शबाना और हलीमा को आरोपी बनाया है। साजिद पुलिस रिमांड पर है, जबकि शबाना और हलीमा को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया गया है। मुठभेड़ में घायल समीर के इलाज के बाद उसे भी औपचारिक रूप से गिरफ्तार किया जाएगा। राजेश भी षड्यंत्र में शामिल बताया जा रहा है और पुलिस इलाज के बाद उसे गिरफ्तार करेगी।