वकील से सांसद बनने के सफर पर क्या बोले उज्जवल निकम?

उज्जवल निकम ने कहा कि पीछे मुड़कर जब मैं अपनी यात्रा को देखता हूँ तो यह देखकर खुशी होती है कि मेरा आलेख और मेरी ग्राफ कहाँ से कहाँ तक पहुंच गए हैं. मैं खुद को कृतज्ञ मानता हूँ और भगवान का धन्यवाद करता हूँ. जलगाँव कोई बड़ा शहर या मेट्रो सिटी नहीं है, लेकिन यहाँ से शुरू होकर मैंने अपनी अलग पहचान बनाई है.