CDS बोले- ऑपरेशन सिंदूर खत्म नहीं केवल रुका है:पाकिस्तान इसमें बुरी तरह हारा; कहा- हम इमरजेंसी हालातों के लिए स्टैंडर्ड सिस्टम डेवलप कर रहे

चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ(CDS) जनरल अनिल चौहान ने कहा है कि ऑपरेशन सिंदूर खत्म नहीं हुआ केवल रुका है। उन्होंने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर के बाद पाकिस्तान को चीफ ऑफ डिफेंस फोर्स (CDF) जैसा नया पद बनाना पड़ा। ये पद तीनों सेनाओं को सेंट्रलाइज्ड करने के लिए बनाया गया। उन्होंने कहा कि ऑपरेशन ने पाकिस्तान को संवैधानिक संशोधन करने के लिए मजबूर किया। ये इस बात का सबूत है कि पड़ोसी देश को बुरी तरह हार का सामना करना पड़ा। अनिल चौहान ने शुक्रवार को पुणे पब्लिक पॉलिसी फेस्टिवल में ये बाते कहीं। उन्होंने कहा कि हम इमरजेंसी हालातों में लागू करने के लिए एक स्टैंडर्ड सिस्टम डेवलप कर रहे हैं। CDS की स्पीच की 5 बड़ी बातें… CDS अनिल चौहान के पिछले 3 बयान… 22 दिसंबर: भविष्य के युद्ध मल्टी-डोमेन ऑपरेशन होंगे:आतंकवाद से निपटने ऑपरेशन सिंदूर जैसा एक्शन जरूरी चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (CDS) जनरल अनिल चौहान ने 22 दिसंबर को कहा कि भारत को आतंकवाद से निपटने के लिए ऑपरेशन सिंदूर जैसी कम समय की तेज सैन्य कार्रवाई के लिए तैयार रहना होगा। साथ ही पड़ोसी देशों के साथ जमीनी विवादों के कारण लंबे समय तक चलने वाले युद्ध के लिए भी तैयार रहना जरूरी है। पूरी खबर पढ़ें… 13 दिसंबर: जंग केवल भाषणों से नहीं जीती जाती:ठोस प्लॉनिंग की जरूरत होती है, हमें हमेशा सर्तक रहना होगा चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (CDS) जनरल अनिल चौहान ने 13 दिसंबर को कहा कि युद्ध केवल बयानबाजी से नहीं, बल्कि स्पष्ट लक्ष्य और उद्देश्यपूर्ण कार्रवाई से जीते जाते हैं। इसके लिए ठोस प्लानिंग की जरूरत होती है। आगे आने वाले हालातों के लिए हमें हमेशा सतर्क रहना होगा। CDS तेलंगाना के डुंडीगल स्थित एयर फोर्स अकादमी में ऑटम टर्म दिसंबर 2025 की कंबाइंड ग्रेजुएशन परेड में शामिल हुए थे। पूरी खबर पढ़ें… 28 नवंबर: हर दिन बदल रहे युद्ध के तरीके:भारतीय सेना फ्यूचर वॉरफेयर के मुताबिक तैयार हो, उसके पास दूसरा ऑप्शन नहीं चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ जनरल अनिल चौहान ने कहा कि युद्ध लगातार खुद को बदलता और बनाता रहता है। जो कॉन्सेप्ट भविष्य के लगते हैं, वे लागू होने से पहले ही पुराने भी हो सकते हैं। यह एक ऐसा रिस्क है जो सेना को उठाना पड़ता है। इसलिए फ्यूचर वॉरफेयर के मुताबिक अंदाजा लगाना, तैयारी करना हमारे अस्तित्व से जुड़ जाता है। इसका दूसरा कोई ऑप्शन नहीं है। पूरी खबर पढ़ें…