अमेरिकी वाणिज्य मंत्री ने खुलासा किया कि ट्रंप चाहते थे कि मोदी उन्हें कॉल करें, व्यापार समझौते के ड्राफ्ट को मंजूर करने की बात कहें, इसके बाद अमेरिका समझौते का ऐलान करेगा, लेकिन मोदी ने ये शर्त नहीं मानी। ट्रंप को फोन नहीं किया इसीलिए समझौता नहीं हो पाया।