PSLV को ISRO का वर्कहॉर्स कहा जाता है क्योंकि यह 1993 से विश्वसनीयता और मल्टी-सैटेलाइट लॉन्च में माहिर है. अब तक 63 उड़ानें हुई हैं, 60 सफल रही हैं. अगला लॉन्च PSLV-C62 से 12 जनवरी 2026 को EOS-N1 (Anvesha) सैटेलाइट का होगा. भविष्य में प्राइवेट सेक्टर इसे संभालेगा और यह लंबे समय तक मुख्य रॉकेट बना रहेगा.