सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने कहा कि हजारों स्वार्म ड्रोन्स से हमले का खतरा है. सेना 15-20 शक्तिबान रेजिमेंट्स बना रही है, जिनमें स्वार्म ड्रोन्स, लॉयटरिंग म्यूनिशन्स और लॉन्ग-रेंज UAVs होंगे. ट्रैक (पता लगाना), टारगेट (निशाना) और तबाही (नष्ट करना) की रणनीति से सेना पूरी तरह तैयार है.