सईदा फलक की पहचान केवल राजनीतिक मंचों तक सीमित नहीं है. आज भले ही वे हिजाब पहनकर विरोधियों को ललकार रही हों, लेकिन उनकी जड़ें खेल की दुनिया में बहुत गहरी हैं.