मोहाली में देश का पहला आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) टावर लगाया जाएगा। इसकी औपचारिकताएं पूरी हो चुकी हैं। यहां देश-विदेश की लगभग 300 एआई आधारित कंपनियां काम करेंगी। यहां केवल सॉफ्टवेयर नहीं, एआई से जुड़े उत्पादों का निर्माण भी होगा। इससे पंजाब के स्टार्टअप को मजबूती मिलेगी। यह एआई टावर चंडीगढ़ इंटरनेशनल एयरपोर्ट के नजदीक ‘एक्सपो सिटी’ में बनेगा। इस ‘एक्सपो सिटी’ को 183.5 एकड़ भूमि पर विकसित किया जा रहा है। यह परियोजना रुड़का, धर्मगढ़, शफीपुर और लडियाली गांवों की भूमि पर प्रस्तावित है। इसकी निगरानी के लिए हाईलेवल अफसरों की संयुक्त कमेटी का भी गठन किया जा रहा है। शुक्रवार को धारा 4 व 6 की भी अधिसूचना जारी हो गई है। एक-दो महीने में धारा 11 की अधिसूचना भी जारी हो जाएगी। इसके बाद एक्सपो सिटी क्षेत्र में किसी भी तरह की खरीद फरोख्त बंद हो जाएगी। भूस्वामियों के लिए आकर्षक लैंड पूलिंग नीति गमाडा ने एक्सपो सिटी परियोजना के लिए विशेष लैंड पूलिंग नीति अधिसूचित की है। जिन भूस्वामियों की जमीन अधिग्रहित की जाएगी, उन्हें प्रति 1 एकड़ के बदले 800 वर्ग गज का कॉमर्शियल एरिया यानी एससीओ एक्सपो सिटी में ही दिया जाएगा। इससे जमीन मालिकों को प्रीमियम कॉमर्शियल हब का सीधा आर्थिक लाभ मिलेगा। हजारों रोजगार व पंजाब को नई पहचान मिलेगी एआई टावर और एक्सपो सिटी परियोजना से हजारों नौकरियों के अवसर पैदा होंगे। इंजीनियर, डेटा साइंटिस्ट, सॉफ्टवेयर डेवलपर, रिसर्च एनालिस्ट, साइबर एक्सपर्ट के अलावा हॉस्पिटैलिटी, ट्रांसपोर्ट, रिटेल और मेंटेनेंस सेक्टर को भी व्यापक लाभ मिलेगा। पंजाब सरकार का मानना है कि इससे युवाओं का पलायन कम होगा और उन्हें अपने ही राज्य में वैश्विक अवसर प्राप्त होंगे। एक्सपो सिटी की खासियत - 10 एकड़ में अंतरराष्ट्रीय मानकों वाला एग्जिबिशन ग्राउंड। - 20 एकड़ में विशाल मेगा मॉल होगा। - कॉमर्शियल और बिजनेस जोन के भीतर अत्याधुनिक एआई टावर बनेगा। - कृषि क्षेत्र के लिए स्मार्ट सेंसर और डेटा-आधारित फसल प्रबंधन प्रणाली - एडवांस डायग्नोस्टिक टूल्स और हेल्थ-टेक समाधान। - उद्योगों के लिए ऑटोमेशन और स्मार्ट मैन्युफैक्चरिंग सिस्टम। - शिक्षा क्षेत्र के लिए एडटेक प्लेटफॉर्म और डिजिटल लर्निंग मॉडल। - सुरक्षित डेटा सेंटर और एडवांस साइबर सिक्योरिटी सिस्टम।