हमारे देश का कल्याण अब पहले से कहीं अधिक मुश्किल लगता है क्योंकि लोग अंधभक्त बन चुके हैं. इसके साथ ही हमारे देश की मीडिया की भूमिका भी चिंताजनक है. जो गिरावट हो रही है उसे यहाँ सम्मान की तरह देखा जा रहा है, जो एक गंभीर समस्या है. इस सामाजिक और राजनीतिक परिस्थिति में सुधराव आना आवश्यक है ताकि देश की तरक्की हो सके.