ट्रंप के 48 घंटे के अल्टीमेटम के बाद ईरान के तेवर थोड़े नरम पड़े हैं. ईरान ने अब साफ किया है कि होर्मुज का रास्ता पूरी तरह बंद नहीं है, बल्कि दुश्मन को छोड़कर बाकी देशों के जहाज यहां से गुजर सकते हैं. ईरान का कहना है कि वह बातचीत के लिए तैयार है, लेकिन इसके लिए अमेरिका और इजरायल को अपने हमले रोकने होंगे.