Sudarshan News
इनपुट- सुमित श्रीवास्तव, लखनऊ उत्तर प्रदेश मंत्रिपरिषद ने प्रदेश के 18 शहरों में ग्रॉस कॉस्ट कॉन्ट्रैक्ट (GCC) मॉडल पर वातानुकूलित इलेक्ट्रिक सिटी बसों के संचालन के महत्वपूर्ण प्रस्ताव को मंजूरी प्रदान की। माननीय नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ए.के. शर्मा ने मीडिया को जानकारी देते हुए बताया कि यह निर्णय प्रदेश में बढ़ते शहरीकरण, नागरिकों की परिवहन आवश्यकताओं तथा पर्यावरण संरक्षण को ध्यान में रखते हुए लिया गया है। उन्होंने बताया कि प्रथम चरण में आगरा, अलीगढ़, अयोध्या, बरेली, फिरोजाबाद, गाजियाबाद, गोरखपुर, झांसी, कानपुर, लखनऊ, मथुरा-वृंदावन, मेरठ, मुरादाबाद, प्रयागराज, शाहजहांपुर, सहारनपुर, वाराणसी एवं नोएडा (जेवर सहित) में कुल 1725 ई बसें चलाने का प्रस्ताव था,जिसमें से 743 इलेक्ट्रिक बसों का पहले से संचालन किया जा रहा है। इसके अतिरिक्त 500 इलेक्ट्रिक बसों का संचालन यूपीकैम्पा (विश्व बैंक सहायता प्राप्त) मॉडल के अंतर्गत किया जाएगा। माननीय मंत्री ने बताया कि आगामी पांच वर्षों में कुल 6650 इलेक्ट्रिक बसों को चरणबद्ध रूप से संचालित किया जाएगा। इससे नागरिकों को सुरक्षित, सुलभ, वातानुकूलित एवं पर्यावरण अनुकूल सार्वजनिक परिवहन सुविधा उपलब्ध होगी। साथ ही वायु एवं ध्वनि प्रदूषण में कमी आएगी तथा प्रदेश के कार्बन फुटप्रिंट को कम करने में मदद मिलेगी। उन्होंने बताया कि इस महत्वाकांक्षी योजना से लगभग 10,500 प्रत्यक्ष एवं 35,000 अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर सृजित होंगे। यह निर्णय उत्तर प्रदेश को हरित, आधुनिक एवं विश्वस्तरीय नगरीय परिवहन व्यवस्था की दिशा में आगे बढ़ाने वाला महत्वपूर्ण कदम है।
Go to News Site