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परीक्षार्थियों से ऑनलाइन ठगी करने वाले गैंग का सरगना गिरफ्तार, पेपर लीक करने का करता था दावा | Collector
परीक्षार्थियों से ऑनलाइन ठगी करने वाले गैंग का सरगना गिरफ्तार, पेपर लीक करने का करता था दावा
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परीक्षार्थियों से ऑनलाइन ठगी करने वाले गैंग का सरगना गिरफ्तार, पेपर लीक करने का करता था दावा

इनपुट- ज्ञानेश लोहानी, लखनऊ उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखण्ड, मध्य प्रदेश एवं अन्य राज्यों में होने वाली प्रतियोगी परीक्षाओं का प्रश्नपत्र लीक करने का फर्जी दावा करते हुये सोशल मीडिया (टेलीग्राम) पर 'पेपर लीक' एवं अन्य कई नामों से चैनल बनाकर परीक्षा के एक दिन पहले प्रश्न पत्र एवं उत्तर पुस्तिका देने के नाम पर 2 हजार रूपये प्रति परीक्षार्थी अपने टेलीग्राम चैनल पर कई QR कोड भेज कर खातों में पैसा लेने वाले गिरोह के सरगना को लखनऊ से गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त हुई। एसटीएफ उ०प्र० को उत्तर प्रदेश में होने विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं के नाम पर ठगी करने वाले सक्रिय गैंग की सूचना प्राप्त हो रही थी, इस सम्बन्ध में एसटीएफ की विभिन्न टीमों/फील्ड इकाईयों को निर्देशित किया गया था। इसी क्रम में धर्मेश कुमार शाही, पुलिस उपाधीक्षक, एस०टी०एफ०, उ०प्र० को सूचना प्राप्त हुई कि अटल बिहारी बाजपेई मेडिकल यूनिवर्सिटी लखनऊ उत्तर प्रदेश द्वारा कराये जा रहे UP CNET की परीक्षा के प्रश्नपत्र को सोशल मीडिया (टेलीग्राम) पर "UP CNET OUT QUESTION PRIVATE CHANNAL" "@Gauravsirofficials", एवं "@Youandmooon" नाम से फर्जी चैनल बनाकर परीक्षार्थियों को परीक्षा के एक दिन पहले प्रश्न एवं उत्तर पुस्तिका देने का झांसा देकर अवैध तरीके से 2 हजार रूपये प्रति परीक्षार्थी वसूला जा रहा है। उक्त सम्बन्ध में परीक्षा नियन्त्रक, अटल बिहारी बाजपेई मेडिकल यूनिवर्सिटी लखनऊ उत्तर प्रदेश द्वारा थाना सुशान्त गोल्फ सिटी कमिश्नरेट लखनऊ में मु0अ0सं0 359/2026 धारा 318(4) बीएनएस व 66 डी आईटीएक्ट का अभियोग पंजीकृत हुआ था। उपरोक्त सन्दर्भ में निरीक्षक सत्यप्रकाश सिंह के नेतृत्व में उ०नि० यशवंत सिंह व मु०आ० रामनिवास शुक्ला द्वारा अभिसूचना संकलन किया गया तो ज्ञात हुआ कि ओम कुमार अपने टेलीग्राम चैनल "@Gauravsirofficials" एवं "@Youandmooon पर QR कोड भेज कर परीक्षार्थियों से काफी पैसा अपने बताये गये खातों में जमा करवा रहा है अभियुक्त ओम कुमार ने पूछताछ में बताया कि 2022 से वह और उसके कई साथियों द्वारा उत्तर-प्रदेश, बिहार, झारखण्ड, मध्य प्रदेश एवं अन्य राज्यों में होने वाली प्रतियोगी परीक्षाओं का प्रश्नपत्र लीक करने का फर्जी दावा करते हुये सोशल मीडिया (टेलीग्राम) पर "पेपर लीक" जैसे चैनल बनाकर परीक्षा में पेपर लीक होने का दावा करते है, और परीक्षा के एक दिन पहले प्रश्नपत्र देने के लिये 2 से 3 हजार रूपये जैसी छोटी रकम रखते है जिससे परीक्षार्थी आसानी से विश्वास कर इनके द्वारा बताये हुए QR कोड में पैसा भेज देते थे। परीक्षा के दिन यह लोग चैनल बन्द कर दूसरी परीक्षाओ के नाम पर चैनल बनाकर फिर से वही करने लगते थे। पेपर लीक के नाम पर परीक्षार्थी पैसा देते है और छोटी धनराशि होने के कारण कोई कानूनी शिकायत नही करते है। अभियुक्त द्वारा दी गयी जानकारी के माध्यम से इस तरह की अफवाह उड़ाकर पेपर लीक दावा कर पैसा ऐठने वाले अन्य गैंगों की गिरफ्तारी के प्रयास किये जा रहे हैं।

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